Аль-МухтасарАль‑Иншикак · 84:1–25

Аль-Мухтасар · Тафсир · на хинди

الإنشقاق

Аль-Иншикак

Разверзнется · Мекканская · 25 аятов

84:1Страница 589

إِذَا ٱلسَّمَآءُ ٱنشَقَّتۡ ١

Когда небо разверзнется

जब आकाश फट जाएगा, ताकि उससे फ़रिश्ते उतर सकें।

84:2Страница 589

وَأَذِنَتۡ لِرَبِّهَا وَحُقَّتۡ ٢

и внемлет своему Господу, как ему надлежит,

और वह अपने पालनहार के आदेश को सुनकर पालन करेगा और ऐसा करने ही उसके योग्य है।

84:3Страница 589

وَإِذَا ٱلۡأَرۡضُ مُدَّتۡ ٣

когда земля будет распростерта,

और जब अल्लाह धरती को फैला देगा, जिस तरह चमड़े को (खींचकर) फैलाया जाता है।

84:4Страница 589

وَأَلۡقَتۡ مَا فِيهَا وَتَخَلَّتۡ ٤

извергнет то, что в ней, и опустеет,

और उसके अंदर जो खज़ाने और मुर्दे हैं, उन्हें निकाल बाहर फेंक देगी और उनसे खाली हो जाएगी।

84:5Страница 589

وَأَذِنَتۡ لِرَبِّهَا وَحُقَّتۡ ٥

и внемлет своему Господу, как ей надлежит...

और वह अपने पालनहार के आदेश को सुनकर पालन करेगी और ऐसा करने ही उसके योग्य है।

84:6Страница 589

يَٰٓأَيُّهَا ٱلۡإِنسَٰنُ إِنَّكَ كَادِحٌ إِلَىٰ رَبِّكَ كَدۡحٗا فَمُلَٰقِيهِ ٦

О человек! Ты стремишься к своему Господу и встретишься с Ним.

ऐ इनसान! निश्चय तू अच्छा या बुरा जो भी काम कर रहा है, क़ियामत के दिन उससे मिलने वाला है, ताकि अल्लाह तुझे उसका बदला दे।

84:7Страница 589

فَأَمَّا مَنۡ أُوتِيَ كِتَٰبَهُۥ بِيَمِينِهِۦ ٧

Тот, кому его книга будет вручена в правую руку,

फिर जिस व्यक्ति को उसका आमाल नामा उसके दाहिने हाथ में दिया गया।

84:8Страница 589

فَسَوۡفَ يُحَاسَبُ حِسَابٗا يَسِيرٗا ٨

получит легкий расчет

तो अल्लाह उसका आसान हिसाब लेगा; उसके सामने उसके कार्यों को पेश किया जाएगा, लेकिन उसपर पकड़ नहीं की जाएगी।

84:9Страница 589

وَيَنقَلِبُ إِلَىٰٓ أَهۡلِهِۦ مَسۡرُورٗا ٩

и вернется к своей семье радостным.

और वह ख़ुश-ख़ुश अपने परिवार के पास लौटेगा।

84:10Страница 589

وَأَمَّا مَنۡ أُوتِيَ كِتَٰبَهُۥ وَرَآءَ ظَهۡرِهِۦ ١٠

А тот, кому его книга будет вручена из-за спины,

लेकिन जिस व्यक्ति को उसका आमाल नामा उसके बाएँ हाथ में उसकी पीठ के पीछे से दिया गया।

84:11Страница 589

فَسَوۡفَ يَدۡعُواْ ثُبُورٗا ١١

станет призывать погибель

तो वह अपने विनाश को पुकारेगा।

84:12Страница 589

وَيَصۡلَىٰ سَعِيرًا ١٢

и войдет в Пламень.

वह जहन्नम की आग में दाखिल होकर उसकी गरमी को झेलेगा।

84:13Страница 589

إِنَّهُۥ كَانَ فِيٓ أَهۡلِهِۦ مَسۡرُورًا ١٣

Он радовался, находясь в кругу своей семьи,

निःसंदेह वह दुनिया में, अपने परिवार में, अपने कुफ़्र और पाप की स्थिति पर बड़ा खुश रहता था।

84:14Страница 589

إِنَّهُۥ ظَنَّ أَن لَّن يَحُورَ ١٤

и полагал, что не вернется обратно.

उसने सोचा था कि वह अपनी मृत्यु के बाद जीवन में वापस नहीं आएगा।

84:15Страница 589

بَلَىٰٓۚ إِنَّ رَبَّهُۥ كَانَ بِهِۦ بَصِيرٗا ١٥

Но нет! Господь его видел его.

क्यों नहीं, निश्चय अल्लाह उसे जीवन में अवश्य वापस लाएगा, जैसा कि उसने उसे पहली बार पैदा किया था। निःसंदेह उसका पालनहार उसकी स्थिति से अवगत था। उससे उसका कुछ भी छिपा नहीं है, और वह उसे उसके काम बदला देगा।

84:16Страница 589

فَلَآ أُقۡسِمُ بِٱلشَّفَقِ ١٦

Но нет! Клянусь вечерней зарею!

अल्लाह ने उस लाली की क़सम खाई है, जो सूर्यास्त के बाद क्षितिज पर होती है।

84:17Страница 589

وَٱلَّيۡلِ وَمَا وَسَقَ ١٧

Клянусь ночью и тем, что она собирает!

और रात की तथा उसमें एकत्रित की गई चीज़ की क़सम खाई है।

84:18Страница 589

وَٱلۡقَمَرِ إِذَا ٱتَّسَقَ ١٨

Клянусь луной в полнолуние!

तथा चाँद की (क़सम खाई है), जब वह एकत्रित होकर पूरा हो जाए और चौदहवीं का चाँद बन जाए।

84:19Страница 589

لَتَرۡكَبُنَّ طَبَقًا عَن طَبَقٖ ١٩

Вы переходите из одного состояния в другое.

(ऐ लोगो!) तुम निश्चित रूप से एक अवस्था से दूसरी अवस्था में स्थानांतरित होते रहोगे; एक नुत्फ़ा से जमा हुआ रक्त, फिर गोश्त का टुकड़ा, फिर जीवन, फिर मृत्यु और फिर मरणोपरांत पुनर्जीवन।

84:20Страница 589

فَمَا لَهُمۡ لَا يُؤۡمِنُونَ ٢٠

Почему же они не веруют

तो इन काफ़िरों को क्या हुआ है कि वे अल्लाह और आख़िरत के दिन पर ईमान नहीं लाते?!

84:21Страница 589

وَإِذَا قُرِئَ عَلَيۡهِمُ ٱلۡقُرۡءَانُ لَا يَسۡجُدُونَۤ۩ ٢١

и не падают ниц, когда им читают Коран?

और जब उनके सामने क़ुरआन पढ़ा जाता है, तो वे अपने रब के आगे सजदा नहीं करते?!

84:22Страница 589

بَلِ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ يُكَذِّبُونَ ٢٢

Но неверующие считают это ложью,

बल्कि जिन्होंने कुफ़्र किया, वे उस (क़ुरआन) को झुठलाते हैं, जो उनके रसूल उनके पास लेकर आए।

84:23Страница 589

وَٱللَّهُ أَعۡلَمُ بِمَا يُوعُونَ ٢٣

Аллаху же лучше знать, что они хранят (какие добрые и злые деяния они совершают).

और अल्लाह सबसे अधिक जानता है कि उनके सीनों में क्या है, उनके कार्यों में से कुछ भी उससे छिपा नहीं है।

84:24Страница 589

فَبَشِّرۡهُم بِعَذَابٍ أَلِيمٍ ٢٤

Обрадуй же их мучительными страданиями,

अतः (ऐ रसूल) आप उन्हें उस दर्दनाक यातना की सूचना दे दें, जो उनकी प्रतीक्षा कर रही है।

84:25Страница 589

إِلَّا ٱلَّذِينَ ءَامَنُواْ وَعَمِلُواْ ٱلصَّٰلِحَٰتِ لَهُمۡ أَجۡرٌ غَيۡرُ مَمۡنُونِۭ ٢٥

кроме тех, которые уверовали и совершали праведные деяния. Им уготована награда неиссякаемая.

परंतु जो लोग अल्लाह पर ईमान लाए और अच्छे कार्य किए, उनके लिए कभी न समाप्त होने वाला बदला है और वह जन्नत है।

Текст: Quranic Universal Library (Tarteel) через spa5k/tafsir_api (MIT), в зафиксированной версии. Аяты: Quran Foundation. Источники и лицензии

Содержание

Аят аль-Курси36Аль-Кахфстр. 42джуз 15Бухари 1Муслим 2999

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