Al-Mukhtasar · Tafsir · in Hindi
المؤمنون
Al-Mu'minun
The Believers · Meccan · 118 ayahs
अल्लाह पर ईमान लाने वाले और उसकी शरीयत के अनुसार काम करने वाले लोग अपनी अपेक्षित चीज़ को प्राप्त करके और भय वाली चीज़ों से मुक्ति पाकर सफल हो गए।
23:2Page 342
ٱلَّذِينَ هُمۡ فِي صَلَاتِهِمۡ خَٰشِعُونَ ٢
They who are during their prayer humbly intent
जो अपनी नमाज़ में इस तरह विनम्रता अपनाने वाले होते हैं कि उसमें उनके शारीरिक अंग शांत होते हैं और उनके दिल व्यस्त करने वाली चीज़ों से खाली होते हैं।
जो व्यर्थ, निरर्थक और अवज्ञा की बातों और कामों से उपेक्षा करने वाले हैं।
जो लोग अपने आपको दोषों और मलिनताओं से शुद्ध करने वाले और ज़कात अदा करके अपने धन को पाक करने वाले हैं।
जो अपने गुप्तांगों को व्यभिचार,समलैंगिकता और अश्लीलता से दूर रखकर उनकी रक्षा करने वाले हैं। चुनाँचे वे पवित्र और पाक-बाज़ हैं।
23:6Page 342
إِلَّا عَلَىٰٓ أَزۡوَٰجِهِمۡ أَوۡ مَا مَلَكَتۡ أَيۡمَٰنُهُمۡ فَإِنَّهُمۡ غَيۡرُ مَلُومِينَ ٦
Except from their wives or those their right hands possess,1 for indeed, they will not be blamed -
परंतु अपनी पत्नियों या अपने स्वामित्व में आई हुई दासियों को छोड़कर। क्योंकि उनसे संभोग और अन्य चीजों के साथ लाभ उठाने में उनकी निंदा नहीं की जा सकती।
23:7Page 342
فَمَنِ ٱبۡتَغَىٰ وَرَآءَ ذَٰلِكَ فَأُوْلَٰٓئِكَ هُمُ ٱلۡعَادُونَ ٧
But whoever seeks beyond that, then those are the transgressors -
जो व्यक्ति पत्नियों या अपने स्वामित्व में आई दासियों के अलावा के साथ आनंद (भोग) की तलाश करे, तो वह अल्लाह की सीमाओं को उल्लंघन करने वाला है। क्योंकि वह अल्लाह के हलाल ठहराए हुए आनंद (भोग) से परे जाकर हराम (भोग) की तलाश करने वाला है।
23:8Page 342
وَٱلَّذِينَ هُمۡ لِأَمَٰنَٰتِهِمۡ وَعَهۡدِهِمۡ رَٰعُونَ ٨
And they who are to their trusts and their promises attentive
और जो उस अमानत की, जो अल्लाह ने उन्हें सौंपी है या उसके बंदों ने उनके हवाले की है, तथा अपनी प्रतिज्ञाओं की रक्षा करने वाले हैं। उन्हें नष्ट नहीं करते हैं, बल्कि उन्हें पूरा करते हैं।
23:9Page 342
وَٱلَّذِينَ هُمۡ عَلَىٰ صَلَوَٰتِهِمۡ يُحَافِظُونَ ٩
And they who carefully maintain their prayers -
जो लोग अपनी नामज़ों को उनके अरकान (स्तंभों) वाजिबात (अनिवार्य कार्यों) और मुस्तहब्बात (वांछित कार्यों) के साथ, उनके समय पर नियमित रूप से अदा करके, उनकी रक्षा करते हैं।
इन गुणों से सुसज्जित लोग ही हैं, जो वारिस होंगे।
23:11Page 342
ٱلَّذِينَ يَرِثُونَ ٱلۡفِرۡدَوۡسَ هُمۡ فِيهَا خَٰلِدُونَ ١١
Who will inherit al-Firdaus.1 They will abide therein eternally.
जो सबसे ऊँची जन्नत के वारिस होंगे, वे उसमें हमेशा के लिए रहेंगे। उसमें उन्हें जो नेमतें प्राप्त होंगी, उनका सिलसिला कभी नहीं रुकेगा।
23:12Page 342
وَلَقَدۡ خَلَقۡنَا ٱلۡإِنسَٰنَ مِن سُلَٰلَةٖ مِّن طِينٖ ١٢
And certainly did We create man from an extract of clay.
निश्चय हमने मानव जाति के पिता आदम को मिट्टी से पैदा किया। उनकी मिट्टी पृथ्वी की मिट्टी के साथ मिश्रित पानी से निकाले गए सार से ली गई थी।
23:13Page 342
ثُمَّ جَعَلۡنَٰهُ نُطۡفَةٗ فِي قَرَارٖ مَّكِينٖ ١٣
Then We placed him as a sperm-drop1 in a firm lodging [i.e., the womb].
फिर हमने उनकी संतान को वीर्य से पैदा किया, जो जन्म के समय तक माँ के गर्भाशय में सुरक्षित रहता है।
23:14Page 342
ثُمَّ خَلَقۡنَا ٱلنُّطۡفَةَ عَلَقَةٗ فَخَلَقۡنَا ٱلۡعَلَقَةَ مُضۡغَةٗ فَخَلَقۡنَا ٱلۡمُضۡغَةَ عِظَٰمٗا فَكَسَوۡنَا ٱلۡعِظَٰمَ لَحۡمٗا ثُمَّ أَنشَأۡنَٰهُ خَلۡقًا ءَاخَرَۚ فَتَبَارَكَ ٱللَّهُ أَحۡسَنُ ٱلۡخَٰلِقِينَ ١٤
Then We made the sperm-drop into a clinging clot, and We made the clot into a lump [of flesh], and We made [from] the lump, bones, and We covered the bones with flesh; then We developed him into another creation. So blessed is Allāh, the best of creators.1
फिर हमने उसके बाद माँ के गर्भाशय में सुरक्षित उस वीर्य को जमे हुए लाल रक्त का रूप दिया, फिर उस जमे हुए लाल रक्त को मांस के एक चबाए हुए टुकड़े के रूप में बनाया, फिर माँस के उस टुकड़े को कठोर हड्डियों का रूप दे दिया, फिर उन हड्डियों को माँस पहना दिया, फिर हमने उसमें प्राण डालकर और जीवन में लाकर एक और रचना बना दिया। तो बहुत बरकत वाला है अल्लाह, जो बनाने वालों में सबसे अच्छा है।
फिर तुम (ऐ लोगो!) उन चरणों से गुज़रने के बाद, अपना निर्धारित समय समाप्त होने पर मर जाओगे।
23:16Page 342
ثُمَّ إِنَّكُمۡ يَوۡمَ ٱلۡقِيَٰمَةِ تُبۡعَثُونَ ١٦
Then indeed you, on the Day of Resurrection, will be resurrected.
फिर तुम अपनी मृत्यु के बाद क़ियामत के दिन अपनी क़ब्रों से उठाए जाओगे, ताकि तुमसे तुम्हारे किए हुए काम का हिसाब लिया जाए।
23:17Page 342
وَلَقَدۡ خَلَقۡنَا فَوۡقَكُمۡ سَبۡعَ طَرَآئِقَ وَمَا كُنَّا عَنِ ٱلۡخَلۡقِ غَٰفِلِينَ ١٧
And We have created above you seven layered heavens, and never have We been of [Our] creation unaware.
और हमने (ऐ लोगो!) तुम्हारे ऊपर, ऊपर-तले, सात आकाश बनाए, और हम कभी अपनी सृष्टि से अनजान नहीं, और न ही उसे भूले हैं।
23:18Page 343
وَأَنزَلۡنَا مِنَ ٱلسَّمَآءِ مَآءَۢ بِقَدَرٖ فَأَسۡكَنَّٰهُ فِي ٱلۡأَرۡضِۖ وَإِنَّا عَلَىٰ ذَهَابِۭ بِهِۦ لَقَٰدِرُونَ ١٨
And We have sent down rain from the sky in a measured amount and settled it in the earth. And indeed, We are Able to take it away.
हमने आकाश से आवश्यकता अनुसार बारिश का पानी उतारा, न अधिक कि आपदा का रूप धारण कर ले, न कम कि ज़रूरत के लिए भी पर्याप्त न हो। फिर हमने उस पानी को धरती में ठहरा दिया, जिससे मनुष्य और पशु लाभ उठाते हैं। और निश्चय हम उसे ले जाने में भी सक्षम हैं। फिर तुम उससे लाभ न उठा सकोगे।
23:19Page 343
فَأَنشَأۡنَا لَكُم بِهِۦ جَنَّٰتٖ مِّن نَّخِيلٖ وَأَعۡنَٰبٖ لَّكُمۡ فِيهَا فَوَٰكِهُ كَثِيرَةٞ وَمِنۡهَا تَأۡكُلُونَ ١٩
And We brought forth for you thereby gardens of palm trees and grapevines in which for you are abundant fruits and from which you eat.
फिर हमने उस पानी से तुम्हारे लिए खजूरों और अंगूरों के बाग़ पैदा किए। तुम्हारे लिए उनके अंदर विभिन्न आकार और रंगों के फल हैं, जैसे कि अंजीर, अनार और सेब। और तुम उन्हीं फलों में से खाते हो।
23:20Page 343
وَشَجَرَةٗ تَخۡرُجُ مِن طُورِ سَيۡنَآءَ تَنۢبُتُ بِٱلدُّهۡنِ وَصِبۡغٖ لِّلۡأٓكِلِينَ ٢٠
And [We brought forth] a tree issuing from Mount Sinai which produces oil and food [i.e., olives] for those who eat.
और हमने उसी पानी से तुम्हारे लिए ज़ैतून का वृक्ष उगाया, जो सैना पर्वत के क्षेत्र में निकलता है। वह उस तेल को उगाता है, जो उसके फल से निकाला जाता है, जिसे शरीर पर लगाने और सालन के रूप में प्रयोग किया जाता है।
23:21Page 343
وَإِنَّ لَكُمۡ فِي ٱلۡأَنۡعَٰمِ لَعِبۡرَةٗۖ نُّسۡقِيكُم مِّمَّا فِي بُطُونِهَا وَلَكُمۡ فِيهَا مَنَٰفِعُ كَثِيرَةٞ وَمِنۡهَا تَأۡكُلُونَ ٢١
And indeed, for you in livestock is a lesson. We give you drink from that which is in their bellies, and for you in them are numerous benefits, and from them you eat.
निःसंदेह (ऐ लोगो!) तुम्हारे लिए पशुओं (ऊँट, गाय और बकरी) में एक बड़ी शिक्षा एवं संकेत है, जिससे तुम अल्लाह की शक्ति और अपने ऊपर उसकी दयालुता का पता लगा सकते हो। हम तुम्हें इन पशुओं के पेटों में जो कुछ है, उससे शुद्ध दूध पिलाते हैं, जो पीने वालों के लिए सुस्वाद है। तथा तुम्हारे लिए इनमें और भी बहुत-से लाभ हैं जिनसे तुम लाभ उठाते हो, जैसे- सवारी, ऊन, रोवां और बाल। तथा तुम इनका माँस भी खाते हो।
23:22Page 343
وَعَلَيۡهَا وَعَلَى ٱلۡفُلۡكِ تُحۡمَلُونَ ٢٢
And upon them and on ships you are carried.
ज़मीन पर पशुओं में से ऊँट की और समुद्र में नावों (जहाज़ों) की तुम सवारी करते हो।
23:23Page 343
وَلَقَدۡ أَرۡسَلۡنَا نُوحًا إِلَىٰ قَوۡمِهِۦ فَقَالَ يَٰقَوۡمِ ٱعۡبُدُواْ ٱللَّهَ مَا لَكُم مِّنۡ إِلَٰهٍ غَيۡرُهُۥٓۚ أَفَلَا تَتَّقُونَ ٢٣
And We had certainly sent Noah to his people, and he said, "O my people, worship Allāh; you have no deity other than Him; then will you not fear Him?"
हमने नूह अलैहिस्सलाम को उनकी जाति के पास, उनको अल्लाह की ओर बुलाने के लिए भेजा। तो नूह (अलैहिस्सलाम) ने उनसे कहा : ऐ मेरी जाति के लोगो! अकेले अल्लाह की इबादत (पूजा) करो। उस पवित्र हस्ती के सिवा तुम्हारा कोई सत्य पूज्य नहीं। क्या तुम अल्लाह से, उसके आदेशों का पालन करके और उसके निषेधों से बचकर, डरते नहीं?!
23:24Page 343
فَقَالَ ٱلۡمَلَؤُاْ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ مِن قَوۡمِهِۦ مَا هَٰذَآ إِلَّا بَشَرٞ مِّثۡلُكُمۡ يُرِيدُ أَن يَتَفَضَّلَ عَلَيۡكُمۡ وَلَوۡ شَآءَ ٱللَّهُ لَأَنزَلَ مَلَٰٓئِكَةٗ مَّا سَمِعۡنَا بِهَٰذَا فِيٓ ءَابَآئِنَا ٱلۡأَوَّلِينَ ٢٤
But the eminent among those who disbelieved from his people said, "This is not but a man like yourselves who wishes to take precedence over you; and if Allāh had willed [to send a messenger], He would have sent down angels. We have not heard of this among our forefathers.
तो उनकी जाति के अशराफिया एवं प्रमुख लोगों ने, जिन्होंने अल्लाह का इनकार किया था, अपने अनुयायियों और आम लोगों से कहा : यह आदमी, जो रसूल होने का दावा करता है, तुम्हारे ही जैसा एक इनसान है, जो तुमपर सरदारी और संप्रभुता चाहता है। अगर अल्लाह हमारे पास कोई रसूल भेजना चाहता, तो अवश्य उसे फ़रिश्तों में से भेजता, उसे मनुष्यों में से नहीं भेजता। हमने अपने पहले के पूर्वजों में इस प्रकार की दावेदारी नहीं सुनी।
23:25Page 343
إِنۡ هُوَ إِلَّا رَجُلُۢ بِهِۦ جِنَّةٞ فَتَرَبَّصُواْ بِهِۦ حَتَّىٰ حِينٖ ٢٥
He is not but a man possessed with madness, so wait concerning him for a time."
यह एक ऐसा व्यक्ति है, जो पागलपन का शिकार है। यह क्या कह रहा है, उसके बारे में इसे खुद पता नहीं है। इसलिए जब तक इसका मामला लोगों के लिए स्पष्ट नहीं हो जाता है, तब तक इसके बारे में प्रतीक्षा करो।
23:26Page 343
قَالَ رَبِّ ٱنصُرۡنِي بِمَا كَذَّبُونِ ٢٦
[Noah] said, "My Lord, support me because they have denied me."
नूह अलैहिस्सलाम ने कहा : ऐ मेरे पालनहार! तू इन लोगों के विरुद्ध मेरी मदद कर, इस प्रकार कि तू इनके मुझे झुठलाने के कारण इनसे मेरा बदला ले।
23:27Page 343
فَأَوۡحَيۡنَآ إِلَيۡهِ أَنِ ٱصۡنَعِ ٱلۡفُلۡكَ بِأَعۡيُنِنَا وَوَحۡيِنَا فَإِذَا جَآءَ أَمۡرُنَا وَفَارَ ٱلتَّنُّورُ فَٱسۡلُكۡ فِيهَا مِن كُلّٖ زَوۡجَيۡنِ ٱثۡنَيۡنِ وَأَهۡلَكَ إِلَّا مَن سَبَقَ عَلَيۡهِ ٱلۡقَوۡلُ مِنۡهُمۡۖ وَلَا تُخَٰطِبۡنِي فِي ٱلَّذِينَ ظَلَمُوٓاْ إِنَّهُم مُّغۡرَقُونَ ٢٧
So We inspired to him, "Construct the ship under Our observation and Our inspiration, and when Our command comes and the oven overflows,1 put into it [i.e., the ship] from each [creature] two mates and your family, except him for whom the decree [of destruction] has proceeded. And do not address Me concerning those who have wronged; indeed, they are to be drowned.
हमने नूह़ (अलैहिस्सलाम) को सूचना दी कि हमारी आँखों के सामने और हमारे बताए हुए तरीक़े के अनुसार नौका बना। फिर जब उन्हें नष्ट करने का हमारा आदेश आ जाए और पानी उस स्थान से ज़ोर से उबलने लगे, जिसमें रोटी पकाई जाती है, तो हर जीव में से एक नर और एक मादा उस (नौका) में प्रवेश कर ले, ताकि नस्ल चलती रहे, और अपने परिवार वालों को भी उसमें सवार कर ले, उसको छोड़कर जिसके विनाश की बात अल्लाह की ओर से पहले ही तय हो चुकी, जैसे कि तेरी पत्नी और तेरा पुत्र। और मुझसे उन लोगों की मुक्ति और उन्हें विनाश से बचाने के बारे में बात न करना, जिन्होंने कुफ़्र करके अत्याचार किया है। वे - अनिवार्य रूप से - बाढ़ के पानी में डूबने के द्वारा विनष्ट किए जाने वाले हैं।
23:28Page 344
فَإِذَا ٱسۡتَوَيۡتَ أَنتَ وَمَن مَّعَكَ عَلَى ٱلۡفُلۡكِ فَقُلِ ٱلۡحَمۡدُ لِلَّهِ ٱلَّذِي نَجَّىٰنَا مِنَ ٱلۡقَوۡمِ ٱلظَّٰلِمِينَ ٢٨
And when you have boarded the ship, you and those with you, then say, 'Praise to Allāh who has saved us from the wrongdoing people.'
फिर जब तुम और तुम्हारे मुक्ति पाने वाले मोमिन साथी नाव पर सवार हो जाएँ, तो कहो : सब प्रशंसा अल्लाह के लिए है, जिसने हमें काफ़िर लोगों से बचाया और उन्हें नष्ट कर दिया।
23:29Page 344
وَقُل رَّبِّ أَنزِلۡنِي مُنزَلٗا مُّبَارَكٗا وَأَنتَ خَيۡرُ ٱلۡمُنزِلِينَ ٢٩
And say, 'My Lord, let me land at a blessed landing place, and You are the best to accommodate [us].'"
और यह दुआ करो कि ऐ मेरे पालनहार! तू मुझे भूमि पर बरकत वाला उतारना उतार और तू सब उतारने वालों से उत्तम है।
23:30Page 344
إِنَّ فِي ذَٰلِكَ لَأٓيَٰتٖ وَإِن كُنَّا لَمُبۡتَلِينَ ٣٠
Indeed in that are signs, and indeed, We are ever testing [Our servants].
नूह़ (अलैहिस्सलाम) और उनके मोमिन साथियों को बचाने और काफ़िरों को विनष्ट करने में इस बात के स्पष्ट प्रमाण हैं कि हम अपने रसूलों की मदद करने और उन्हें झुठलाने वालों को नष्ट करने की शक्ति रखते हैं। निश्चय हम नूह अलैहिस्सलाम की जाति की ओर नूह़ अलैहिल्लाम को भेजकर उनका परीक्षण करने वाले थे, ताकि काफ़िर से मोमिन और अवज्ञाकारी से आज्ञाकारी स्पष्ट हो जाए।
23:31Page 344
ثُمَّ أَنشَأۡنَا مِنۢ بَعۡدِهِمۡ قَرۡنًا ءَاخَرِينَ ٣١
Then We produced after them a generation of others.
फिर नूह अलैहिस्सलाम की जाति को विनष्ट करने के बाद हमने एक और समुदाय को पैदा किया।
23:32Page 344
فَأَرۡسَلۡنَا فِيهِمۡ رَسُولٗا مِّنۡهُمۡ أَنِ ٱعۡبُدُواْ ٱللَّهَ مَا لَكُم مِّنۡ إِلَٰهٍ غَيۡرُهُۥٓۚ أَفَلَا تَتَّقُونَ ٣٢
And We sent among them a messenger1 from themselves, [saying], "Worship Allāh; you have no deity other than Him; then will you not fear Him?"
तो हमने उनके अंदर उन्हीं में से एक रसूल भेजा, ताकि उन्हें अल्लाह की ओर बुलाए। चुनाँचे उसने उनसे कहा : अकेले अल्लाह की इबादत करो। उस महिमावान के अलावा तुम्हारा कोई सत्य पूज्य नहीं। तो क्या तुम अल्लाह के निषेधों से बचकर और उसके आदेशों का पालन करके उससे नहीं डरते?
23:33Page 344
وَقَالَ ٱلۡمَلَأُ مِن قَوۡمِهِ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ وَكَذَّبُواْ بِلِقَآءِ ٱلۡأٓخِرَةِ وَأَتۡرَفۡنَٰهُمۡ فِي ٱلۡحَيَوٰةِ ٱلدُّنۡيَا مَا هَٰذَآ إِلَّا بَشَرٞ مِّثۡلُكُمۡ يَأۡكُلُ مِمَّا تَأۡكُلُونَ مِنۡهُ وَيَشۡرَبُ مِمَّا تَشۡرَبُونَ ٣٣
And the eminent among his people who disbelieved and denied the meeting of the Hereafter while We had given them luxury in the worldly life said, "This is not but a man like yourselves. He eats of that from which you eat and drinks of what you drink.
उसकी जाति के अशराफिया एवं प्रमुख लोग, जिन्होंने अल्लाह का इनकार किया, आख़िरत तथा उसके इनाम और सज़ा को झुठलाया, और सांसारिक जीवन में हमारी दी हुई विस्तृत नेमतों ने उन्हें सरकश बना दिया था, उन्होंने अपने अनुयायियों और आम लोगों से कहा : यह तो तुम्हारे ही जैसा एक इनसान है। जो वही कुछ खाता और पीता है, जो कुछ तुम खाते और पीते हो। इसलिए इसे तुम्हारे ऊपर कोई विशिष्टता प्राप्त नहीं है कि वह तुम्हारी ओर रसूल बनाकर भेजा जाए।
23:34Page 344
وَلَئِنۡ أَطَعۡتُم بَشَرٗا مِّثۡلَكُمۡ إِنَّكُمۡ إِذٗا لَّخَٰسِرُونَ ٣٤
And if you should obey a man like yourselves, indeed, you would then be losers.
अगर तुमने अपने ही जैसे एक इनसान की बात मान ली, तो निश्चय तुम उस समय अवश्य घाटा उठाने वाले होगे, क्योंकि तुम्हें उसकी आज्ञाकारिता से कोई लाभ नहीं होगा। इसलिए कि तुमने अपने देवताओं को छोड़कर, ऐसे व्यक्ति का अनुसरण किया, जिसको तुमपर कोई विशेषता प्राप्त नहीं है।
23:35Page 344
أَيَعِدُكُمۡ أَنَّكُمۡ إِذَا مِتُّمۡ وَكُنتُمۡ تُرَابٗا وَعِظَٰمًا أَنَّكُم مُّخۡرَجُونَ ٣٥
Does he promise you that when you have died and become dust and bones that you will be brought forth [once more]?
क्या यह आदमी, जो रसूल होने का दावा करता है, तुमसे यह वादा करता है कि जब तुम मर गए और धूल तथा सड़ी-गली हड्डियाँ हो गए, तो तुम अपनी क़ब्रों से जीवित निकाले जाओगे? क्या यह समझ में आता है?!
23:36Page 344
۞ هَيۡهَاتَ هَيۡهَاتَ لِمَا تُوعَدُونَ ٣٦
How far, how far, is that which you are promised.1
तुमसे अपनी मृत्यु तथा धूल और सड़ी-गली हड्डियाँ हो जाने के बाद, अपनी क़ब्रों से जीवित बाहर निकाले जाने का जो वादा किया जाता है, वह बहुत दूर कि बात है।
23:37Page 344
إِنۡ هِيَ إِلَّا حَيَاتُنَا ٱلدُّنۡيَا نَمُوتُ وَنَحۡيَا وَمَا نَحۡنُ بِمَبۡعُوثِينَ ٣٧
It [i.e., life] is not but our worldly life - we die and live, but we will not be resurrected.
जीवन तो केवल इस संसार का जीवन है। आख़िरत का जीवन कुछ भी नहीं है। हम में से जीवित लोग मरते हैं और वे फिर से जीवित नहीं होते। तथा अन्य लोग जन्म लेते हैं और वे जीवित रहते हैं। और हम अपनी मौत के बाद क़ियामत के दिन हिसाब के लिए निकाले जाने वाले नहीं हैं।
23:38Page 344
إِنۡ هُوَ إِلَّا رَجُلٌ ٱفۡتَرَىٰ عَلَى ٱللَّهِ كَذِبٗا وَمَا نَحۡنُ لَهُۥ بِمُؤۡمِنِينَ ٣٨
He is not but a man who has invented a lie about Allāh, and we will not believe him."
यह जो तुम्हारे पास रसूल बनकर आने का दावा करता है, एक ऐसा व्यक्ति है जिसने अपना यह दावा करके अल्लाह पर एक झूठ गढ़ा है। और हम इसकी बातों पर विश्वास करने वाले नहीं हैं।
23:39Page 344
قَالَ رَبِّ ٱنصُرۡنِي بِمَا كَذَّبُونِ ٣٩
He said, "My Lord, support me because they have denied me."
रसूल ने कहा : ऐ मेरे पालनहार! तू इन लोगों के विरुद्ध मेरी मदद कर, इस प्रकार कि तू इनके मुझे झुठलाने के कारण इनसे मेरा बदला ले।
23:40Page 344
قَالَ عَمَّا قَلِيلٖ لَّيُصۡبِحُنَّ نَٰدِمِينَ ٤٠
[Allāh] said, "After a little, they will surely become regretful."
तो अल्लाह ने उनका उत्तर यह कहकर दिया : थोड़े समय के बाद, आपके लाए हुए संदेश को झुठलाने वाले ये लोग, अपने झुठलाने के रवैये पर पछताएँगे।
23:41Page 344
فَأَخَذَتۡهُمُ ٱلصَّيۡحَةُ بِٱلۡحَقِّ فَجَعَلۡنَٰهُمۡ غُثَآءٗۚ فَبُعۡدٗا لِّلۡقَوۡمِ ٱلظَّٰلِمِينَ ٤١
So the shriek1 seized them in truth,2 and We made them as [plant] stubble. Then away with the wrongdoing people.
चुनाँचे उन्हें एक भयंकर, घातक आवाज़ ने पकड़ लिया, क्योंकि वे अपने दुराग्रह के कारण यातना के हक़दार बन गए थे, तो उन्हें सैलाब की झाग की तरह विनष्ट कर दिया। तो विनाश है अत्याचारी लोगों के लिए।
23:42Page 344
ثُمَّ أَنشَأۡنَا مِنۢ بَعۡدِهِمۡ قُرُونًا ءَاخَرِينَ ٤٢
Then We produced after them other generations.
फिर हमने उनका विनाश करने के बाद, अन्य समुदायों और दूसरी जातियों को पैदा किया, जैसे- लूत अलैहिस्सलाम की जाति, शुऐब अलैहिस्सलाम की जाति और यूनुस अलैहिस्सलाम की जाति।
23:43Page 345
مَا تَسۡبِقُ مِنۡ أُمَّةٍ أَجَلَهَا وَمَا يَسۡتَـٔۡخِرُونَ ٤٣
No nation will precede its time [of termination], nor will they remain [thereafter].
इन झुठलाने वाले समुदायों में से कोई भी समुदाय अपने विनाश के आने के नियत समय से न आगे बढ़ता है, न उससे पीछे रहता है। चाहे उसके पास कितने भी संसाधन हों।
23:44Page 345
ثُمَّ أَرۡسَلۡنَا رُسُلَنَا تَتۡرَاۖ كُلَّ مَا جَآءَ أُمَّةٗ رَّسُولُهَا كَذَّبُوهُۖ فَأَتۡبَعۡنَا بَعۡضَهُم بَعۡضٗا وَجَعَلۡنَٰهُمۡ أَحَادِيثَۚ فَبُعۡدٗا لِّقَوۡمٖ لَّا يُؤۡمِنُونَ ٤٤
Then We sent Our messengers in succession. Every time there came to a nation its messenger, they denied him, so We made them follow one another [to destruction], and We made them narrations.1 So away with a people who do not believe.
फिर हम लगातार एक के बाद एक रसूल भेजते रहे। जब भी उनमें से किसी समुदाय के पास अल्लाह का भेजा हुआ रसूल आया, तो उसके लोगों ने उसे झुठला दिया। तो हम उन्हें एक-दूसरे के पीछे विनष्ट करते गए। फिर उनके बारे में लोगों की बातचीत के अलावा उनका कोई वजूद बाक़ी न रहा। तो विनाश हो, ऐसे लोगों का जो रसूलों की अपने पालनहार की ओर से लाई हुई बातों पर ईमान नहीं लाते।
23:45Page 345
ثُمَّ أَرۡسَلۡنَا مُوسَىٰ وَأَخَاهُ هَٰرُونَ بِـَٔايَٰتِنَا وَسُلۡطَٰنٖ مُّبِينٍ ٤٥
Then We sent Moses and his brother Aaron with Our signs and a clear authority1
फिर हमने मूसा और उसके भाई हारून को अपनी नौ निशानियाँ (लाठी, चमकता हाथ, टिड्डी, जूँ, मेंढक, रक्त, बाढ़, अकाल और फलों की कमी) और एक स्पष्ट तर्क देकर भेजा।
23:46Page 345
إِلَىٰ فِرۡعَوۡنَ وَمَلَإِيْهِۦ فَٱسۡتَكۡبَرُواْ وَكَانُواْ قَوۡمًا عَالِينَ ٤٦
To Pharaoh and his establishment, but they were arrogant and were a haughty people.
हमने उन दोनों को फ़िरऔन और उसकी जाति के अशराफिया के पास भेजा। तो उन्होंने अहंकार दिखाया और उन दोनों को मानने को तैयार नहीं हुए। और वे उत्पीड़न और अत्याचार के द्वारा लोगों को दबाए हुए थे।
23:47Page 345
فَقَالُوٓاْ أَنُؤۡمِنُ لِبَشَرَيۡنِ مِثۡلِنَا وَقَوۡمُهُمَا لَنَا عَٰبِدُونَ ٤٧
They said, "Should we believe two men like ourselves while their people are for us in servitude?"
तो उन्होंने कहा : क्या हम अपने जैसे दो व्यक्तियों पर ईमान ले आएँ, जिनकी हमारे ऊपर कोई उत्कृष्टता नहीं है और उनके लोग (बनी इसराईल) हमारे आज्ञाकारी और अधीन हैं?!
23:48Page 345
فَكَذَّبُوهُمَا فَكَانُواْ مِنَ ٱلۡمُهۡلَكِينَ ٤٨
So they denied them and were of those destroyed.
तो उन्होंने उन दोनों को उस चीज़ में झुठला दिया, जो वे दोनों अल्लाह के पास से लेकर आए थे। चुनाँचे वे उन्हें झुठलाने के कारण डुबोकर विनष्ट किए जाने वालो में से हो गए।
23:49Page 345
وَلَقَدۡ ءَاتَيۡنَا مُوسَى ٱلۡكِتَٰبَ لَعَلَّهُمۡ يَهۡتَدُونَ ٤٩
And We certainly gave Moses the Scripture that perhaps they1 would be guided.
और हमने मूसा को तौरात प्रदान की, इस उम्मीद पर कि उनकी जाति के लोग इससे सत्य का रास्ता पा जाएँ और उसके अनुसार कार्य करें।
23:50Page 345
وَجَعَلۡنَا ٱبۡنَ مَرۡيَمَ وَأُمَّهُۥٓ ءَايَةٗ وَءَاوَيۡنَٰهُمَآ إِلَىٰ رَبۡوَةٖ ذَاتِ قَرَارٖ وَمَعِينٖ ٥٠
And We made the son of Mary and his mother a sign and sheltered them within a high ground having level [areas] and flowing water.
हमने ईसा बिन मरयम और उनकी माँ मरयम को अपनी शक्ति को दर्शाने वाली एक निशानी बनाया। क्योंकि मरयम के पेट में ईसा का गर्भ बिना बाप के ठहर गया। और हमने उन दोनों को एक ऊँचे स्थान पर शरण दी, जो समतल, रहने के योग्य था तथा उसमें ताजा बहता पानी था।
23:51Page 345
يَٰٓأَيُّهَا ٱلرُّسُلُ كُلُواْ مِنَ ٱلطَّيِّبَٰتِ وَٱعۡمَلُواْ صَٰلِحًاۖ إِنِّي بِمَا تَعۡمَلُونَ عَلِيمٞ ٥١
[Allāh said], "O messengers, eat from the good foods and work righteousness. Indeed I, of what you do, am Knowing.
ऐ रसूलो! जो खाने योग्य वस्तुएँ हमने तुम्हारे लिए हलाल की हैं, उनमें से खाओ और शरीयत के अनुसार अच्छे कार्य करो। तुम जो भी कार्य करते हो, मैं उससे अवगत हूँ। तुम्हारा कोई भी कार्य मुझसे छिपा नहीं है।
23:52Page 345
وَإِنَّ هَٰذِهِۦٓ أُمَّتُكُمۡ أُمَّةٗ وَٰحِدَةٗ وَأَنَا۠ رَبُّكُمۡ فَٱتَّقُونِ ٥٢
And indeed this, your religion, is one religion,1 and I am your Lord, so fear Me."
(ऐ रसूलो!) निश्चय तुम्हारा यह धर्म एक ही धर्म है, जो इस्लाम है। और मैं ही तुम्हारा पालनहार हूँ, मेरे अलावा तुम्हारा कोई पालनहार नहीं। अतः मेरे आदेशों का पालन करके और मेरे निषेधों से बचकर, मुझसे डरो।
23:53Page 345
فَتَقَطَّعُوٓاْ أَمۡرَهُم بَيۡنَهُمۡ زُبُرٗاۖ كُلُّ حِزۡبِۭ بِمَا لَدَيۡهِمۡ فَرِحُونَ ٥٣
But they [i.e., the people] divided their religion among them into portions [i.e., sects] - each faction, in what it has,1 rejoicing.
फिर उनके बाद, उनके अनुयायी धर्म में बिखराव का शिकार होकर, कई समूहों और दलों में विभाजित हो गए। हर दल उसी पर खुश है, जिसे वह यह मानता है कि वही अल्लाह के निकट पसंदीदा धर्म है, तथा जो कुछ उसके अलावा के पास है, उसपर ध्यान नहीं देता है।
23:54Page 345
فَذَرۡهُمۡ فِي غَمۡرَتِهِمۡ حَتَّىٰ حِينٍ ٥٤
So leave them in their confusion for a time.
अतः, (ऐ रसूल!) आप उन्हें, उनपर यातना के उतरने के समय तक, उसी अज्ञानता और भ्रांति की स्थिति में रहने दें, जिसमें वे पड़े हुए हैं।
23:55–56Page 345
أَيَحۡسَبُونَ أَنَّمَا نُمِدُّهُم بِهِۦ مِن مَّالٖ وَبَنِينَ ٥٥
Do they think that what We extend to them of wealth and children
نُسَارِعُ لَهُمۡ فِي ٱلۡخَيۡرَٰتِۚ بَل لَّا يَشۡعُرُونَ ٥٦
Is [because] We hasten for them good things? Rather, they do not perceive.1
क्या अपनी स्थिति पर खुश रहने वाले इन दलों के लोग यह सोचते हैं कि हम उन्हें दुनिया के जीवन में जो धन और संतान दे रहे हैं, वह उन्हें जल्दी से प्रदान की जाने वाली भलाई है, जिसके वे हक़दार हैं?! मामला ऐसा नहीं है जो उन्होंने सोचा है।बल्कि वास्तविकता यह है कि हम उन्हें यह सब उन्हें ढील और मोहलत देने की नीति के तहत प्रदान कर रहे हैं। लेकिन उन्हें इसका एहसास नहीं हैं।
23:57Page 345
إِنَّ ٱلَّذِينَ هُم مِّنۡ خَشۡيَةِ رَبِّهِم مُّشۡفِقُونَ ٥٧
Indeed, they who are apprehensive from fear of their Lord
निःसंदेह जो लोग अपने ईमान और अच्छे कार्य करने के बावजूद अपने पालनहार से डरते रहते हैं।
23:58Page 345
وَٱلَّذِينَ هُم بِـَٔايَٰتِ رَبِّهِمۡ يُؤۡمِنُونَ ٥٨
And they who believe in the signs of their Lord
तथा जो अपने पालनहार की किताब की आयतों पर ईमान रखते हैं।
23:59Page 345
وَٱلَّذِينَ هُم بِرَبِّهِمۡ لَا يُشۡرِكُونَ ٥٩
And they who do not associate anything with their Lord
और जो लोग अपने पालनहार को एकमात्र पूज्य मानते हैं, उसके साथ किसी चीज़ को साझी नहीं बनाते।
23:60Page 346
وَٱلَّذِينَ يُؤۡتُونَ مَآ ءَاتَواْ وَّقُلُوبُهُمۡ وَجِلَةٌ أَنَّهُمۡ إِلَىٰ رَبِّهِمۡ رَٰجِعُونَ ٦٠
And they who give what they give while their hearts are fearful1 because they will be returning to their Lord -
और वे लोग जो नेकी के कामों में भरपूर प्रयास करते हैं और अच्छे कार्यों के द्वारा अल्लाह की निकटता प्राप्त करते हैं, इसके बावजूद उन्हें यह भय लगा रहता है कि अल्लाह उनके दान और नेक कार्यों को उस समय अस्वीकार न कर दे, जब वे क़ियामत के दिन उसके पास लौटेंगे।
23:61Page 346
أُوْلَٰٓئِكَ يُسَٰرِعُونَ فِي ٱلۡخَيۡرَٰتِ وَهُمۡ لَهَا سَٰبِقُونَ ٦١
It is those who hasten to good deeds, and they outstrip [others] therein.
इन महान गुणों के साथ विशेषित लोग ही अच्छे कर्मों की ओर जल्दी करते हैं और यही लोग उनकी तरफ़ आगे बढ़ने वाले हैं और उन्हें प्राप्त करने में अन्य लोगों से आगे बढ़ गए हैं।
Text: Quranic Universal Library (Tarteel), via spa5k/tafsir_api (MIT), at a fixed version. The ayahs: Quran Foundation. Sources and licences